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दुनिया के सबसे अमीर लोगों में से एक… 13 लाख करोड़ रु की प्रॉपर्टी… लेकिन बच्चों को विरासत में मिलेगी केवल 1% दौलत… Bill Gates क्यों ले रहे ये फैसला?

बिल गेट्स का मानना है कि उनके बच्चों को अपनी मेहनत से सफल बनना चाहिए, न कि उनके अरबों की दौलत के सहारे. यह सोच सिर्फ बिल गेट्स की नहीं, बल्कि कई टेक दिग्गजों की भी है. अगर बिल गेट्स की कुल संपत्ति 162 अरब डॉलर है, तो उसका 1% भी 1.62 अरब डॉलर (करीब 13,500 करोड़ रुपये) होता है. यानी, उनके बच्चों के लिए यह रकम भी एक बड़ी विरासत होगी.

Bill Gates with His Daughter (GettyImages) Bill Gates with His Daughter (GettyImages)
हाइलाइट्स
  • बच्चों को अपने बलबूते पर सफल होने की सीख

  • दूसरे अरबपति भी ऐसा कर रहे हैं

क्या होगा अगर आपके पिता दुनिया के सबसे अमीर लोगों में से एक हों, लेकिन फिर भी आपको उनकी संपत्ति का सिर्फ 1% हिस्सा मिले? बिल गेट्स, माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर और दुनिया के चौथे सबसे अमीर इंसान, ने साफ कर दिया है कि उनके बच्चों को उनकी 162 अरब डॉलर (लगभग 13.5 लाख करोड़ रुपये) की संपत्ति में से केवल 1% ही मिलेगा.

बिल गेट्स का मानना है कि उनके बच्चों को अपनी मेहनत से सफल बनना चाहिए, न कि उनके अरबों की दौलत के सहारे. यह सोच सिर्फ बिल गेट्स की नहीं, बल्कि कई टेक दिग्गजों की भी है. स्टीव जॉब्स की पत्नी लॉरेन पॉवेल, अमेजन के फाउंडर जेफ बेजोस समेत कई अरबपति अपने बच्चों को दौलत का पहाड़ सौंपने के बजाय समाज को लौटाने में विश्वास रखते हैं.

क्यों नहीं देंगे बिल गेट्स अपनी दौलत?
बिल गेट्स का कहना है, "मेरे बच्चों को बेहतरीन परवरिश और शिक्षा मिली है, लेकिन उन्हें कुल संपत्ति का 1% से भी कम मिलेगा, क्योंकि मैं नहीं चाहता कि उन्हें सब कुछ आसानी से मिल जाए."

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उनका मानना है कि अगर बच्चे बिना संघर्ष के ही अमीर बन जाते हैं, तो वे खुद की काबिलियत साबित नहीं कर पाएंगे. गेट्स का कहना है कि यह फैसला उनकी ‘डायनेस्टी’ (वंश) बनाने के लिए नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करने के लिए है कि उनके बच्चे अपने दम पर कुछ बड़ा करें.

162 अरब डॉलर की संपत्ति का 1% भी कितना बड़ा है?
अगर बिल गेट्स की कुल संपत्ति 162 अरब डॉलर है, तो उसका 1% भी 1.62 अरब डॉलर (करीब 13,500 करोड़ रुपये) होता है. यानी, उनके बच्चों के लिए यह रकम भी एक बड़ी विरासत होगी. हालांकि, पहले गेट्स ने कहा था कि वे अपने तीनों बच्चों को सिर्फ 10 मिलियन डॉलर (लगभग 83 करोड़ रुपये) देंगे, लेकिन अब उनका कहना है कि वे 1% तक संपत्ति छोड़ सकते हैं.

बच्चों को अपने बलबूते पर सफल होने की सीख
गेट्स का मानना है कि बच्चों को अपनी खुद की पहचान बनानी चाहिए, न कि उनके पिता की संपत्ति के सहारे चलना चाहिए. उन्होंने कहा, "मैं चाहता हूं कि मेरे बच्चे अपने दम पर कुछ बनें, न कि मेरे भाग्य और सफलता की छाया में दब जाएं."

वे आगे कहते हैं, "आप नहीं चाहेंगे कि आपके बच्चे इस भ्रम में रहें कि आप उनकी परवाह नहीं करते या उन्हें प्यार नहीं करते. इसलिए, शुरुआत से ही यह समझाना जरूरी है कि उन्हें समान अवसर मिलेंगे, लेकिन सबसे बड़ी जिम्मेदारी समाज की जरूरतमंद जनता की मदद करने की होगी."

बता दें, बिल गेट्स और उनकी पूर्व पत्नी मेलिंडा फ्रेंच गेट्स की तीन संतानें हैं- जेनिफर (27), रोरी (24), और फोएबे (21). जेनिफर गेट्स पहले ही कह चुकी हैं कि वे अपने माता-पिता की इस सोच से पूरी तरह सहमत हैं और अपनी खुद की पहचान बनाना चाहती हैं.

सिर्फ बिल गेट्स ही नहीं, दूसरे अरबपति भी ऐसा कर रहे हैं!
गेट्स अकेले ऐसे अरबपति नहीं हैं जो अपनी दौलत बच्चों को नहीं देना चाहते. कई बड़े उद्योगपतियों ने भी इसी सोच को अपनाया है.

1. स्टीव जॉब्स की पत्नी ने दौलत खुद ही खर्च करने की ठानी 
दिवंगत एप्पल फाउंडर स्टीव जॉब्स की पत्नी लॉरेन पॉवेल जॉब्स ने कहा था कि उन्हें अपने पति से मिली दौलत अपने बच्चों को नहीं देनी. उनका कहना है कि ,"अगर मैं ज्यादा समय तक जिंदा रही, तो यह संपत्ति मेरे साथ ही खत्म हो जाएगी." उनका मानना है कि पैसा सिर्फ किसी एक परिवार में ही नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसे उन लोगों की भलाई में लगाना चाहिए जिन्हें इसकी सबसे ज्यादा जरूरत है.

2. जेफ बेजोस भी नहीं देंगे अपनी दौलत
अमेजन के फाउंडर और दुनिया के दूसरे सबसे अमीर शख्स जेफ बेजोस ने भी कहा है कि वे अपनी अधिकतर संपत्ति चैरिटी में देंगे, न कि अपने बच्चों को.

3. मार्क ज़ुकरबर्ग भी अपनी संपत्ति दान कर रहे हैं
फेसबुक के फाउंडर मार्क जकरबर्ग और उनकी पत्नी प्रिसिला चान ने घोषणा की थी कि वे अपनी 99% संपत्ति समाज कल्याण के लिए दान करेंगे.

टेक इंडस्ट्री के अरबपति ऐसा क्यों कर रहे हैं?
बिल गेट्स कहते हैं कि टेक इंडस्ट्री के लोग पैसा कमाने को सफलता का पैमाना नहीं मानते. वे मानते हैं कि उनकी मेहनत और इनोवेशन के कारण वे इस मुकाम तक पहुंचे हैं, और इसलिए वे यह संपत्ति जरूरतमंदों को देना चाहते हैं. उनके मुताबिक, “टेक सेक्टर के अरबपति शायद सबसे ज्यादा दान करते हैं, क्योंकि वे मानते हैं कि पैसों का सबसे अच्छा उपयोग समाज की भलाई के लिए किया जाना चाहिए."

बता दें, रतन टाटा और अजीम प्रेमजी जैसे उद्योगपति पहले ही अपनी संपत्ति का बड़ा हिस्सा दूसरोे की भलाई में लगा चुके हैं. अजीम प्रेमजी (विप्रो के संस्थापक) अपनी 90% संपत्ति दान कर चुके हैं. वहीं रतन टाटा का भी मानना था कि पैसों का उपयोग समाज की भलाई के लिए होना चाहिए.