scorecardresearch

What is Ketamine: क्या होता है केटामाइन? इससे कैसे किया जा रहा है सीवियर डिप्रेशन का इलाज?

मस्क ने जर्नलिस्ट डॉन लेमन के साथ अपने एक इंटरव्यू में बताया था कि वह केटामाइन का इस्तेमाल करते हैं. हालांकि, उन्होंने कहा कि उन्हें यह ड्रग डॉक्टर ने प्रिस्क्राइब किया है.

Representational Image Representational Image

टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क को अक्सर अपने सनकी व्यवहार के लिए जाने जाते हैं. हाल ही में, कई रिपोर्ट्स में कहा गया है कि वह ड्रग्स का इस्तेमाल करते हैं और इसका असर उनकी कंपनियों पर पड़ रहा है. दरअसल, मस्क ने जर्नलिस्ट डॉन लेमन के साथ अपने एक इंटरव्यू में बताया था कि वह केटामाइन का इस्तेमाल करते हैं. हालांकि, उन्होंने कहा कि उन्हें यह ड्रग डॉक्टर ने प्रिस्क्राइब किया है और वह डॉक्टर की सलाह पर सप्ताह में सिर्फ एक बार बहुत कम मात्रा में इसे लेते हैं. 

मस्क ने लेमन से कहा कि कई बार ऐसा टाइम होता है जब उनके दिमाग में एक तरह की निगेटिव केमिकल स्टेट है, जैसे कि डिप्रेशन और केटामाइन किसी को भी नकारात्मक मानसिकता से बाहर निकलने में उनके लिए मददगार होता है. मस्क का कहना है कि वह मेडिकल सुपरविजन में ही हर दूसरे सप्ताह में बहुत कम मात्रा में केटामाइन लेते हैं. 

क्या है केटामाइन? 
केटामाइन एक दवा है जिसे मुख्य रूप से एनेस्थीसिया के रूप में इस्तेमाल किया जाता है. इसका उपयोग मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं, खासकर डिप्रेशन, के इलाज के लिए भी किया जा सकता है. हाल ही में, केटामाइन का इस्तेमाल इलाज के रूप में बढ़ा है, खासकर उन लोगों में जिनका डिप्रेशन अन्य दवाओं से ठीक नहीं हो पा रहा. केटामाइन से ट्रीटमेंट करने पर जल्दी रिजल्ट मिलता है, जो पारंपरिक एंटीडिप्रेसेंट्स की तुलना में अलग होता है. लेकिन इसके नकारात्मक प्रभाव भी हो सकते हैं जैसे इससे नशे की लत लग सकती है, हाई ब्लड प्रेशर और मानसिक भ्रम आदि हो सकता है. इसलिए, केटामाइन किसी मेडिकल एक्सपर्ट की देखरेख में लेना चाहिए और वह भी बहुत ही कम मात्रा में. 

सम्बंधित ख़बरें

सीवियर डिप्रेशन के इलाज में केटामाइन का इस्तेमाल 
आजकल गंभीर डिप्रेशन (सीवियर डिप्रेशन) के इलाज में केटामाइन का इस्तेमाल एक नया और प्रभावी तरीका माना जा रहा है. खासकर उन लोगों के लिए जिनका डिप्रेशन दूसरे ट्रीटमेंट्स से ठीक नहीं हो रहा है. केटामाइन का इस्तेमाल करने से अवसाद के मामलों में तुरंत राहत देखने को मिलती है. पारंपरिक एंटीडिप्रेसेंट्स जैसे SSRI (Selective Serotonin Reuptake Inhibitors) और SNRI (Serotonin-Norepinephrine Reuptake Inhibitors) को असर दिखाने में अक्सर हफ्तों लग जाते हैं. लेकिन केटामाइन का असर आमतौर पर 24 घंटों के भीतर दिखने लगता है, जिससे गंभीर डिप्रेशन वाले मरीजों को तुरंत राहत मिलती है. 

बताया जाता है कि केटामाइन का प्रभाव मस्तिष्क के ग्लूटामेट नामक न्यूरोट्रांसमीटर पर पड़ता है, जो नर्वस सिस्टम के सेल्स के बीच संवाद को नियंत्रित करता है. यह अन्य पारंपरिक एंटीडिप्रेसेंट्स की तुलना में एक अलग सिस्टम से काम करता है. ग्लूटामेट के रिसेप्टर्स को ब्लॉक करके, केटामाइन तंत्रिका कोशिकाओं को फिर से एक्टिव करता है, जो ब्रेन में एक नई एक्टिविटी और कनेक्शन पैदा करने में मदद करता है. 

वहीं, बहुत से मरीजों में डिप्रेशन का इलाज पारंपरिक दवाओं से नहीं हो पाता है, जिसे 'रेसिस्टेंट डिप्रेशन' कहा जाता है. केटामाइन इन मामलों में एक विकल्प हो सकता है, क्योंकि यह उन मरीजों में भी प्रभावी हो सकता है जो दूसरी दवाओं के प्रति प्रतिरोधी हो चुके हैं. इसे मरीज को इन्फ्यूजन (Infusion) और नॉसल स्प्रे (Nasal Spray) के तरीके से दिया जा सकता है. यह फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) द्वारा 2019 में डिप्रेशन के इलाज के लिए स्वीकृत किया गया था. 

केटामाइन के साइड-इफेक्ट्स 
केटामाइन का जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल जानलेवा हो सकता है. जैसे फ्रेंड्स स्टार मैथ्यू पेरी की मौत का कारण केटामाइन की ओवरडोज थी. 

नशे की आदत (Addiction): केटामाइन का एक प्रमुख खतरा यह है कि यह नशे की आदत बना सकता है, खासकर जब इसका बार-बार उपयोग किया जाता है. इसकी लत मानसिक और शारीरिक रूप से नुकसानदायक हो सकती है. 

मानसिक भ्रम और मतिभ्रम (Hallucinations and Delirium): केटामाइन का उपयोग मानसिक भ्रम और मतिभ्रम (हैलुसिनेशन) का कारण बन सकता है, जिससे व्यक्ति वास्तविकता से कनेक्ट नहीं कर पाता. कुछ लोग इसका अनुभव करते हुए विकृत सोच और अनुभवों का सामना करते हैं.

हाई ब्लड प्रेशर और दिल की समस्याएं: केटामाइन से दिल की धड़कन बढ़ सकती है और ब्लड प्रेशर भी बढ़ सकता है. इससे दिल की स्थिति पर नकारात्मक असर पड़ सकता है, खासकर उन लोगों में जो पहले से दिल की बीमारियों से ग्रस्त हैं.

नर्वस सिस्टम पर असर: केटामाइन का लंबे समय तक इस्तेमाल नर्वस सिस्टम पर प्रभाव डाल सकता है, जिससे याददाश्त की समस्या, मानसिक स्थिति में बदलाव, और मनोवैज्ञानिक प्रभाव हो सकते हैं.

मानसिक स्वास्थ्य पर दुष्प्रभाव: कुछ लोगों में केटामाइन का गलत उपयोग डिप्रेशन और चिंता को बढ़ा सकता है, खासकर अगर इसका लंबे समय तक इस्तेमाल किया जाए. कभी-कभी इसका प्रभाव उल्टा पड़ सकता है और मानसिक स्वास्थ्य को और खराब कर सकता है. 

इसलिए, हमेशा सलाह दी जाती है कि बिना मेडिकल देखरेख के केटामाइन गलती से भी नहीं लेना चाहिए. जब तक कोई डॉक्टर आप ऑफिशियली यह ड्रग प्रिस्क्राइब न करे तब तक आप यह नहीं ले सकते हैं.