मां का चौथा स्वरूप है कुष्मांडा का... मान्यता है कि मां कुष्मांडा संसार को अनेक कष्टों और संकटों से मुक्ति दिलाती है. मां कुष्मांडा को ज्ञान विद्या बुद्धि की देवी माना जाता है. मां के स्वरूप की पूजा करने से आयु, यश, बल और स्वास्थ्य में बढ़ोतरी भी होती है. कहते हैं मां कूष्मांडा की सच्चे दल से पूजा की जाए तो मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है. सृष्टि के आरंभ में अपने इसी भाव से मंद मुस्कान से इस दृष्टि का रूप का आरंभ किया, जिसके कारण. इन्हें कुशमांडा के नाम से जाना जाता है.